
पटना: राजधानी पटना के मुसल्लहपुर हाट स्थित खान ग्लोबल स्टडीज (KGS) पर हुए हमले के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए लोगों में ज्ञान बिंदु कोचिंग संस्थान के निदेशक रोशन आनंद के साथ अभिषेक और गौरव शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और अन्य आरोपियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
खान सर के आवेदन और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर कार्रवाई
- पटना के टाउन डीएसपी-1 राजेश रंजन ने बताया कि खान ग्लोबल स्टडीज की ओर से दिए गए आवेदन में चार लोगों को नामजद किया गया था, जबकि कई अन्य को अज्ञात आरोपी बनाया गया है। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली, जिसमें कुछ लोग कोचिंग संस्थान पर पथराव और तोड़फोड़ करते हुए दिखाई दिए।
- डीएसपी ने बताया कि उपलब्ध साक्ष्यों और प्रारंभिक जांच के आधार पर तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। हालांकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि दर्ज एफआईआर में फायरिंग का कोई उल्लेख नहीं है। इसलिए फिलहाल जांच पथराव, मारपीट और तोड़फोड़ की घटना को केंद्र में रखकर की जा रही है।
मंगलवार रात हुई घटना से मचा हड़कंप
- जानकारी के अनुसार, मंगलवार रात मुसल्लहपुर हाट इलाके में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब 15 से 20 लोगों का एक समूह अचानक खान ग्लोबल स्टडीज के बाहर पहुंच गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हमलावरों ने संस्थान को निशाना बनाते हुए पथराव शुरू कर दिया।
- इस दौरान कोचिंग संस्थान के एक सुरक्षा गार्ड के साथ मारपीट किए जाने की भी बात सामने आई है। अचानक हुए हमले से इलाके में दहशत फैल गई और मौके पर मौजूद छात्र-छात्राओं में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया।
छात्रों ने किया विरोध प्रदर्शन
- घटना के बाद बड़ी संख्या में छात्र सड़क पर उतर आए और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग करने लगे। छात्रों का कहना था कि जिस तरह से कोचिंग संस्थान को निशाना बनाया गया, उससे उनकी सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
- कई छात्रों ने आरोप लगाया कि शैक्षणिक संस्थानों के बीच प्रतिस्पर्धा का असर अब हिंसा के रूप में सामने आ रहा है, जो शिक्षा के माहौल के लिए बेहद चिंताजनक है।
खान सर ने लगाए गंभीर आरोप
- मामले को लेकर खान सर ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके संस्थान को जानबूझकर निशाना बनाया गया। खान सर का कहना है कि कम फीस में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने की वजह से कुछ लोग नाराज हैं और इसी कारण इस तरह की घटना को अंजाम दिया गया।
- उन्होंने दावा किया कि हमलावरों की ओर से पहले भी संस्थान को धमकियां दी गई थीं। खान सर ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा होनी चाहिए, लेकिन हिंसा और डराने-धमकाने की घटनाएं स्वीकार्य नहीं हैं।
कोचिंग संस्थानों के बीच प्रतिस्पर्धा का एंगल
- वहीं पुलिस सूत्रों का कहना है कि प्रारंभिक जांच में मामला दो कोचिंग संस्थानों के बीच वर्चस्व और प्रतिस्पर्धा से जुड़ा हुआ प्रतीत हो रहा है। हालांकि पुलिस किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी पहलुओं की गहन जांच कर रही है।
- जांच टीम सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल कॉल डिटेल्स और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण कर रही है। साथ ही घटना में शामिल अन्य संदिग्धों की पहचान भी की जा रही है।
मुसल्लहपुर हाट में सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता
- गौरतलब है कि मुसल्लहपुर हाट पटना का प्रमुख एजुकेशनल हब माना जाता है। यहां विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराने वाले दर्जनों बड़े और छोटे कोचिंग संस्थान संचालित होते हैं, जहां हर साल हजारों छात्र पढ़ाई के लिए पहुंचते हैं।
- ऐसे में एक प्रमुख कोचिंग संस्थान पर हुए हमले ने छात्रों और अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि शिक्षा केंद्र के रूप में पहचान रखने वाले इस इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किए जाने की जरूरत है।
पुलिस का क्या कहना है?
पटना पुलिस का कहना है कि मामले में गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। जांच के दौरान जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि घटना में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल इस मामले को लेकर पूरे पटना के शैक्षणिक जगत की नजर पुलिस जांच पर टिकी हुई है। आने वाले दिनों में जांच के बाद कई और महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
